देश भर से आए सुझावों के अनुरूप ही मुख्य कार्यालय द्वारा केंद्र सरकार को अपना पक्ष भेजा जाएगा:- विक्रांत शर्मा
जालंधर, 5 अक्टूबर (टिंकू पंडित):- लघु उद्योग भारती के अखिल भारतीय उपाध्यक्ष एडवोकेट अरविंद धुमल ने बताया कि केंद्रीय बजट 2026-27 के लिए प्रस्ताव तैयार करने की वार्षिक प्रक्रिया शुरू हो गई है। इस प्रक्रिया को जन हितैषी उद्योग नीति बनाने के लिए कुटीर, सूक्ष्म, लघु, मध्यम उद्योगों के लिए कार्यरत देश के एकमात्र राष्ट्रव्यापी संगठन लघु उद्योग भारती से भी बजट पूर्व सुझाव आमंत्रित किए गए है। उक्त जानकारी सांझा करते हुए लघु उद्योग भारती जनसंचार बोर्ड उत्तर क्षेत्र के प्रभारी विक्रान्त शर्मा ने बताया कि केंद्रीय सरकार द्वारा ऐसे सुझाव प्रमुख हितधारकों और उद्योग संघों की भागीदारी वाली एक परामर्श प्रक्रिया के माध्यम से विकसित किए जाते हैं। इस प्रक्रिया में उद्योग एवं आंतरिक व्यापार संवर्धन विभाग के आर्थिक सलाहकार कार्यालय की प्रमुख भूमिका रहती है। इस प्रक्रिया के अंतर्गत अप्रत्यक्ष करों, इन डाइरेक्ट शुल्क ढांचे और घरेलू विनिर्माण के विकास को बढ़ावा देने के लिए डिज़ाइन किए गए अन्य नीतिगत मामलों से संबंधित महत्वपूर्ण मुद्दों की समीक्षा की जाती है।
एडवोकेट अरविंद धूमल ने जो कि जम्मू कश्मीर, पंजाब, चंडीगढ़, हिमाचल प्रदेश, हरियाणा और दिल्ली के प्रभारी भी है, उक्त क्षेत्रों के प्रदेशाध्यक्षो से अपने उद्योगास्वरूप क्षेत्रानुकूल सुझाव आमंत्रित किए है ताकि उन्हें लघु उद्योग भारती के मुख्य कार्यालय में भेजा जाए। देश भर से आए सुझावों के अनुरूप ही मुख्य कार्यालय द्वारा केंद्र सरकार को अपना पक्ष भेजा जाएगा ताकि देश के आर्थिक चक्र को गतिमान रखते हुए देश के सभी उद्योग और अधिक गतिमान रहते हुए वैश्विक पटल पर भारत को अग्रणी आर्थिक शक्ति के रूप में स्थापित किया जा सके।

